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Thursday, March 22, 2012

चंद आंसू, चंद अल्फाज ( चर्चा - 826 )

आज की चर्चा में आप सबका हार्दिक स्वागत है 
सत्र का अंत नजदीक है । हर कोई व्यस्त है । परीक्षाएं चल रही हैं इसलिए मैं भी पहले से थोडा अधिक व्यस्त हूँ , इसीलिए आज की चर्चा में सीधे लिंक दे रहा हूँ चित्रों के साथ ।
शुरुआत पुस्तक के शीर्षक से संबंधित अग़ज़ल से 
 
 
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अरे भई साधो...... 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
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आज के लिए बस इतना ही 
धन्यवाद

* * * *

20 comments:

  1. बहुत सुन्दर और उपयोगी लिंकों के साथ बढ़िया चर्चा की है आपने!
    आपका आभार!

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  2. शुभप्रभात ...दिलबाग जी ..सुंदर लिंक्स बहुत बढ़िया चर्चा ....

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  3. सामयिक व ज्वलंत मुद्दों के साथ विभिन्न आयामों के साथ सुंदर चर्चा ,विर्क जी / बहुत -२ बधाईयाँ /

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  4. बहुत सुदंर रचनाऐं.... धन्यवाद

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  5. bahot achche links......dhanyvad saath men, mujhe shamil karne ke liye.

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  6. बहुत सुन्दर और सजीली चर्चा...बधाई

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  7. वाह ...बहुत ही अच्‍छे लिंक्‍स का संयोजन किया है आपने ।

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  8. बहुत सुन्दर चर्चा दिलबाग जी ! मेरी रचना सम्मिलित करने के लिए धन्यवाद एवं आभार आपका !

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  9. बहुत सुन्दर चर्चा.....
    मेरी रचना को शामिल करने हेतु आपका आभार...

    शुक्रिया दिलबाग जी.

    सादर.

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  10. मुझे शामिल करने के लिए आपका बहुत बहुत धन्यवाद सर!

    सादर

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  11. सुन्दर चर्चा...
    सादर आभार.

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  12. अच्‍छी चर्चा.....उम्‍मीद है सभी ब्‍लाग तक जा सकूंगी। मुझे शामि‍ल करने का आभार।

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  13. बेहतरीन लिंक्स के साथ एक सार्थक चर्चा।

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  14. बहुत ही सुन्दर रचनाओं का संगम!

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  15. बहुत बढिया चर्चा...दिलबाग जी.
    मैं ब्लॉग जगत में नया हूँ मेरा मार्ग दर्शन करे
    http://rajkumarchuhan.blogspot.in

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