चर्चा मंच पर सप्ताह में तीन दिन (रविवार,मंगलवार और बृहस्पतिवार)

को ही चर्चा होगी।

रविवार के चर्चाकार डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री मयंक,

मंगलवार के चर्चाकार

श्री दिनेश चन्द्र गुप्ता रविकर

और बृहस्पतिवार के चर्चाकार श्री दिलबाग विर्क होंगे।

समर्थक

Wednesday, June 06, 2012

5 (2nd) ऑफ़ बेस्ट 10 चर्चा ऑफ़ चर्चा-मंच : चर्चा मंच-902


खंजर घोपे पीठ जब, छोड़ शब्द की मार-

Sunday, March 4, 2012

चर्चा-मंच 808
व्यंगकार का हो नहीं, सकता तब उद्धार ।
खंजर घोपे पीठ जब, छोड़ शब्द की मार ।

छोड़ शब्द की मार, मारता हरदम जाए ।
पड़े तनिक चिचियाय, पोस्ट भी तुरत लगाए ।

पर रविकर कंजूस,  रखो अभ्यास मार का ।
यूँ जाओ ना रूस, मामला व्योपार का ।।
                                     ---रविकर 

परीक्षा की विधियाँ


गीत क्या लिक्खें कोई










"दोहे-होली का त्यौहार" (डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक')








दुर्लभ चित्र के साथ खास चर्चा ……चर्चा मंच

Monday, May 23, 2011

वन्दना 


दोस्तों 
काफी दिनों से मन था कि कभी- कभी चर्चा में सिर्फ भगवद प्रेम की चर्चा ही की जाये .........संयोग से आज कुछ पोस्ट मिल गयी हैं तो सोचा क्यों न आज लीक से हटकर आप सबको कान्हा के नजदीक ले जाया जाये क्योंकि आजकल मैं भी उन्ही की कथा में जा रही हूँ शायद उसी का प्रभाव है ये ..........तो चलिए देर किस बात की ..........देखिये किस किस ने अपने भावों को कैसे उजागर किया है
सबसे पहले ........ये चित्र मुझे फेसबुक पर मिला जो की अत्यंत दुर्लभ है तो सोचा आप सबको भी इस चित्र का दर्शन कराये जायें
अब कैसे मिलन हो पाए?












 






आपके दस पोस्टों की स्पेशल काव्यमयी चर्चाः‍‍‍‍-(शनिवासरीय चर्चा).....Er. सत्यम शिवम

Saturday, February 19, 2011

*ॐ साई राम*
 -------सत्यम शिवम-------- 
"स्पेशल काव्यमयी चर्चा" 
ब्लाग:- "उच्चारण" 
ब्लागर:- डा. श्री रुपचंद्र शास्त्री "मयंक" जी
नमस्कार दोस्तों....मै सत्यम शिवम आज फिर शनिवासरीय चर्चा लेकर आप सबों के समक्ष हाजिर हूँ.....
सर्वप्रथम मै आज की चर्चा के शीर्षक "आपके दस पोस्टों की स्पेशल काव्यमयी चर्चा" के विषय में आप लोगों को बताना चाहता हूँ...
हर शनिवार को आप में से ही किसी एक के ब्लाग की "स्पेशल चर्चा" की जायेगी,इस चर्चा की खासियत ये होगी,कि इसमें आपके कोई भी दस पोस्टों के शीर्षक को चुन कर उन्हें एक कविता का रुप दिया जायेगा....
और हर पोस्ट के साथ होगा वहाँ जाने का लिंक भी,जिससे आपके कोई भी नये और पुराने पोस्टों को सभी पढ़ पायेंगे....
आज की "स्पेशल काव्यमयी चर्चा" है ब्लाग "उच्चारण" के दस खुबसुरत पोस्टों की.......
अगले हफ्ते से अपने ब्लाग की "स्पेशल काव्यमयी चर्चा" कराने के लिए कृपया आप भी अपनी कोई भी दस पोस्ट चुन कर,एक कविता का निर्माण करे और उन पोस्टों के लिंक्स के साथ मेरे ई मेल पर भेज दे......
मेरा ई मेल है:-satyamshivam95@gmail.com 
तो चलिए अब इंतजार रहेगा आपके ब्लाग के 
"स्पेशल काव्यमयी चर्चा" का.........
अब शुरु करते है अपनी शनिवासरीय चर्चा........
कुछ मनभावन कविताएँ....
काव्य रस
1.)Indranil Bhattacharjee ...."सैल" जी के "जज़्बात, ज़िन्दगी और मैं" पूछते है खुद से
2.)रश्मि प्रभा जी की "मेरी भावनायें....." से छलकने लगी
3.)केवल राम जी अब "चलते चलते" जान गये 
                4.)अदा जी की "काव्य मंजूषा" से निकलती मर्म
                   5.)आशा जी की "अकांक्षा" याद करती है
                                क्या वह बचपना था
    6.)वंदना जी की "जिंदगी....एक खामोश सफर" जानना चाहती है
    7.)ममता त्रिपाठी जी की "अभिनव रचना(Hindi Poems)" पे
                                    ऋतुराज वसन्त
                      8.)निवेदीता जी की "संकलन" को
                             मिलाये खाक में गर वह.......
        9.)वंदना सिंह जी के "कागज मेरा मीत है,कलम मेरी सहेली...." से 
                                         नज्म
10.)मुदिता जी के "एहसा अंतर्मन के..." दे रहे है
        प्रेरणा
11.)रामेश्वर काम्बोज ‘हिमांशु’ जी की "सहज साहित्य" ने देखा भटका मेघ
             12.)उदयवीर सिंह जी के "उन्नयन" को चाहिए
           13.)मृदुला जी के "MRIDULA'S BLOG" पर जागी वो
                14.)अमित चंद्रा जी के "एहसास" ने किया
        15.)अनुपमा त्रिपाठी जी के "anupama's sukrity!" से 
    16.)कृष्ण कुमार यादव जी के "शब्द-सृजन की ओर.." बिछ गये है
                17.)माननीय शास्त्री जी के "उच्चारण" के दम पे 
18.)सूर्यकान्त गुप्ता जी के "उमड़त घुमड़त विचार" ने समझाया
19.)प्रतिबिम्ब बड़थ्वाल जी  
"चिंतन मेरे मन का" कर रहे है मंथन
                     20.)मेरी "काव्य कल्पना" पर आज
                  21.)अर्चना जी की सुनिए "मेरे मन की...." 
                                        प्रार्थना
           22.)प्रियंका जैन जी की "प्रियंकाभिलाषी" मन से निकलती
                                  महताब की जुबां
                   23.)"छोटी छोटी बातें" करता हूँ मै जो 
                                    तुझे पा लिया
                     24.)"BLOG WORLD.COM" पर 
अब बारी है कुछ उम्दा लेखों की........
गद्य रस
      25.)मनोज जी लाये है "आचार्य परशुराम राय जी" का एक लेख 
                                  शिवस्वरोदय-31
          26.)"उत्तरप्रदेश ब्लॉगर्स असोसिएसन" पर एक उम्दा लेख
        27.)सुशील बाकलीवाल जी अपने "नजरिया" से दे रहे है
              28.)दिनेशराय द्विवेदी जी कहते है "अनवरत"
29.)शालीनी कौशिक जी को अपने "कौशल" पर है भरोसा कहती है
30.)दर्शन कौर धनोए जी के "मेरे अरमान...मेरे सपने..." घुम आये
                  31.)राज भाटिया जी "पराया देश" से कहते है
             32.)रवीन्द्र प्रभात जी की "परिकल्पना" ढ़ुँढ़ रही है
               33.)शिखा कौशिक जी की "मेरी कहानियाँ" पर
                                 तारों भरा आकाश
                         34.)"शब्दकार" पर देखिए
  35.)विनोद जी के "Samvaad ....The Art to Get-In-Touch"
                             उड़ते सन्देश पकड़ लेना.
         36.)अंशुमाला जी की "mangopeople" से एक सवाल
   37.) मेरी "गद्य सर्जना" पर प्रेम के एहसासों में ओत प्रोत एक रचना
                             प्यार की वो आखिरी रात
अब हँसने और हँसाने की बारी,लोट पोट हो जाना जारी.....
हास्य रस
  38.)सुरेश शर्मा (कार्टूनिस्ट) जी की "कार्टूनिस्ट सुरेश की पेशकश" पर हँसने को मै
                39.)मनोज जी का "सृजन संसार" हँसाता है
 40.)इरफान जी लेकर आये है "ऑल इंडिया ब्लॉगर्स एसोसियेशन" पर
                                  क्रिकेट 'बुखार'!
नन्हे मुन्नों की गलियों की सैर............
बाल रस
          41.)अक्षिता पाखी अपने "पाखी की दुनिया" पर कर रही है
                     42.)"माधव" चश्मा लगाकर पूछता है
                                  ये कौन सा कलर है
                       43.)"पंखुरी Times ...!" पर देखिए
कुछ तकनीकि बात चीत..............
तकनीक रस 
            44.)रिंकू जी के "रिंकू का भोजपुरी धमाल" लाया है
   45.)नवीन प्रकाश जी के "Hindi Tech - तकनीक हिंदी में" पर
    46.)मयंक भारद्वाज जी की "Computer Duniya" पर मिलेगा
                                 कुछ खाश वालपेपर
अब हो जाये कुछ खाना पीना......... 
स्वाद रस
                47.)अनीता सिंह जी के "स्वाद का सफर" पर चख ले
                               विभिन्न प्रकार के डोसे
                  48.)स्वर्ण लता जी के "स्वाद" संग खा लो
                                   बेसन के लड्डू
                49.)निवेदीता जी की "जायका" से स्वादिष्ट
                                    चावल के गट्टे
अब अंत में कुछ अध्यात्मिक सीख.........
अध्यात्म रस
                       50.)सदा जी के "सद़विचार" पर
                            आज का सद़विचार '' बच्‍चे ''
            51.)संगीता पुरी जी के "आज का राशिफल" पर जानिए

प्यार में हिसाब नहीं जनता (सोमवारीय चर्चामंच 684)

Monday, October 31, 2011

     दोस्तों! मैं चन्द्र भूषण मिश्र ‘ग़ाफ़िल’ फिर हाज़िर हूँ सोमवारीय चर्चामंच पर बहुरंगी चर्चा लेकर। सदी के महान् साहित्कार, व्यंग्यकार और भारतीय सामाजिक परिवेश के वास्तविक तथा सच्चे चितेरा आदरणीय श्रीलाल शुक्ल जी को मेरी भावभीनी श्रद्धांजलि। अब चलते हैं सीधे लिंकों पर- 
नं. 1-
     परम् ख़ुशी का विषय है कि पूरी दुनिया में शायद पहली दफ़ा ब्लॉग पर स्थित किसी सामग्री को शोध में शामिल किया गया है और इस पुनीत कार्य को अंजाम दिया है शालिनी पाण्डेय जी ने। उन्होंने हिन्दी के चुनिन्दा यात्रा-वृत्तों को, जो ब्लॉग पर प्रकाशित हैं, अपने शोध में शामिल किया है। इससे न केवल हिन्दी ब्लॉग-लेखन को बढ़ावा मिलेगा अपितु उसकी गुणवत्ता में भी इजाफ़ा होगा। शालिनी जी यक़ीनन बधाई और धन्यवाद की पात्रा हैं। उनके इस साधु प्रयास को देखिए उनके ब्लॉग "हिन्दी भाषा और साहित्य" पर 'ब्लॉगों पर स्थित कुछ प्रमुख यात्रा-वृत्त तथा उनके लेखकों का परिचय और समीक्षण' नामक शीर्षक में
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2-
अरुण कुमार निगम जी का कहना है 'प्यार में हिसाब नहीं जानता' तो भाई निगम जी आप जानेगे ही कैसे जब प्यार में हिसाब होता ही नहीं
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3-
घुटी घुटी सिसकियों में,
चंद साँसें अभी बाकी हैं
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4-
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5- 
दोहे: तन-मन-धन-जन-अन्न  -mahendra verma
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6-
भारतीय काव्यशास्त्र–89 -आचार्य परशुराम राय
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7-
अमृता तन्मय के शून्य दिमाग़ में...
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8-
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9-
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10-
वाह रे, रथयात्री!! -उड़न तश्तरी ....
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11-
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12-
मध्यकालीन भारत - धार्मिक सहनशीलता का काल (आठ) 
-मनोज कुमार
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13-
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14-
आधा सच... अब तो देर हो गई अन्ना... -महेन्द्र श्रीवास्तव
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15-
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16-
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17-
इनायत हो गयी... विशाल जी! बधाई
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18-
साधना वैद्य जी का एक और तमाशा
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19-
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20-
वेरा की लड़ाई---जो न कह सके--- सुनील दीपक जी
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21-
पचरंगी फूल खिलाओगे! डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक'
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22-
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23-
काँच के रिश्ते? -निवेदिता
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24-
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और अन्त में
25-

“आज एक अप्रैल है! महफूज और उड़न तश्तरी जबलपुर में!” (चर्चा मंच)

Thursday, April 1, 2010


"चर्चा मंच" अंक - 106
मूर्ख-दिवस के महामूर्ख
आइए आज का "चर्चा मंच" सजाते हैं-
मूर्ख दिवस पर देखिए सबसे छोटी चर्चा-

आज शाम को ताऊ रामपुरिया,
महफूज और उड़न तश्तरी 
खटीमा में भी देखे गये थे!
अरे भइया!
मैंने तो उन्हें शाम का लंच भी करवाया था!
होटल का नाम था-
"ब्लॉगिंग रेस्टोरेण्ट"
इसके बाद उन्हें खटीमा एयरपोर्ट तक
छोड़ने भी गया था!
 
और सब कुछ ठीक है ?
 
' हया '
लता 'हया'

महफूज जी और उड़न तश्तरी अचानक जबलपुर शहर में...
 
समयचक्र
महेन्द्र मिश्र

हँसी ठिठोली...बड़ा मज़ा आया...
 
साझा-संसार
जेन्नी शबनम
अप्रैल फूल :आज से हर बच्चे को होगा शिक्षा का अधिकार
 
बकवास रिपोर्ट... 
vinod kumar mishra

मूर्ख बनने से बचने के १०१ तरीके
 
अनौपचारिक
अर्कजेश

1 अप्रैल 2010 को समय 0000 आवर्स से महँगाई खत्म
 
व्यंग्य
अप्रिल फूल एक सामाजिक बुराई
 
हमारी अन्‍जुमन 
safat alam taimi

अप्रैल फूल के दिन मूर्ख बनने के बचने का नायाब तरीका (अविनाश वाचस्‍पति)
 
नुक्कड़  
अविनाश

फिर तुझे क्या पड़ी थी बेवकूफ !?
  
samwaadghar
sanjaygrover
 
खुशखबरी.... हिन्दी ब्लॉगर्स के लिए खुशखबरी .......कमाई की शुरूआत हुई.....
 
meraashiyana
shashisinghal
 
क्या आज आप कोई चिट्ठी नही पढेंगें?
 
अन्तर सोहिल = Inner Beautiful
अन्तर सोहिल
हिंदी टेक ब्लॉग बंद
 
Hindi Tech Blog 
नवीन प्रकाश

किसे मूर्ख बना रहे हैं आप? ... हम तो पहले से ही मूर्ख हैं
 
धान के देश में!
जी.के.
लिव- इन रिश्ता बोले तो . . . अप्रैल fool !!!
 
likhdala
varsha
अप्रैल फूल यानि मूर्ख दिवस-हास्य कविता (april fool-hindi hasya kavita)
 
दीपक भारतदीप का हिन्दी-पत्रिका
दीपक भारतदीप
 
बाल (ब्लॉग ) ना बाँका कर सके जो जग बैरी होय
                                       
पास पड़ोस
  शरद कोकास

तकरार-ए-अप्रैल फूल !
 
अंधड़ !
पी.सी.गोदियाल

इस पोस्ट का 1 अप्रेल से कोई संबंध नही है ----एक धांसु व्यंग्य
  ………………ललितडॉटकॉम
ललित शर्मा

Hurry! खुली प्रतियोगिता बन्द होने वाली है ---- प्रतियोगिता में भाग लें और जीते नकद
 
यूरेका
M VERMA
कुछ इधर की, कुछ उधर की
 चिट्ठाद्योग सेवा संस्थान में भर्ती हेतु आज माननीय चिट्ठाकारों का साक्षात्कार चालू आहे!!! - ...

क्या आप इंटेलिजेंट समझते हैं अपने ...तो डरते क्यों हैं मूर्ख बनने से ? ज़रा हिम्मत तो दिखाइए !
 
प्राइमरी का मास्टर
प्रवीण त्रिवेदी ╬ PRAVEEN TRIVEDI

खुशदीप के टी.वी.शो "नाच छमकछल्लो नाच" में रामप्यारी
 
ताऊ डॉट इन
ताऊ रामपुरिया

वैशाख्नंदन सम्मान प्रतियोगिता मे : श्री विनोद कुमार पांडेय
 
ताऊजी डाट काम
ताऊ

भाड में जाए ब्लोग्गिंग मैं छोड रहा हूं इसे ........अजय कुमार झा ....
 
bihari babu kahin
अजय कुमार झा
गत्‍यात्‍मक ज्‍योतिष
 एक महीने में एक भी भविष्‍यवाणी सही नहीं हुई .. आज से ज्‍योतिष का अध्‍ययन बंद !!
घुघूतीबासूती 
जरा माचिस तो देना!.............................घुघूती बासूती
काव्य मंजूषा

अल्लाह इस नामुराद को जन्नत बक्शे..... -
देशनामा

महफूज़ के ब्लास्ट को अमेरिकी सैल्यूट...खुशदीप 
रवि मन

तुमसे बिछुड़कर : रावेंद्रकुमार रवि -
naturica

सारे गुलाब:ग़ज़ल
अमीर धरती गरीब लोग
   क्या मिनी स्कर्ट या टांगो की नुमाईश ही नौकरी की फ़ुल गारंटी है?  .
मुझे शिकायत हे. Mujhe Sikayaat Hay.
 इसे सबसे बाद में पढना जी खाली वक्त होने पर -
ह्रदय पुष्प
हथियार
मिसफिट:सीधीबात
  
शुक्रिया "नईदुनिया"जबलपुर
कुछ कार्टून -कैसे कैसे नेता



Posted by sudhakar soni,cartoonist
एक कार्टून

ek
प्रस्तुतकर्ता Doobe ji


                   आदमजात हुए क्यों बौने ?
 
डॉ. चन्द्रकुमार जैन
Dr. Chandra Kumar Jain
“मूर्ख-दिवस पर अवकाश घोषित!”
(डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री “मयंक”)

गुरुवार, १ अप्रैल २०१०

“महत्वपूर्ण घोषणा”

150320091917मैं श्री रूपचन्द्र जी,  श्री शास्त्री जी, श्री मयंक जी आज एक महत्वपूर्ण घोषणा कर रहा हूँ!
कृपया आज चर्चा मंच पर न जायें! 

क्योंकि आज यहाँ फर्स्ट-अप्रैल के उपलक्ष्य में सबसे छोटी चर्चा लगी है!

26 comments:

  1. बेहतरीन प्रस्तुति । पठनीय सूत्र । आभार शास्त्री जी ।

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  2. संकलन की तारीफ़ करने के लिए शब्द कम पडने लगे हैं. पठनीय व दर्शनीय लिंक्स आपके अथक प्रयासों का ही परिणाम है. आपकी ऊर्जा और लेखनी को सलाम.

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  3. एक बार और मेरी रचना को आपके चर्चा मंच में देखने का सौभाग्य प्राप्त किया ... इसके लिए अनेक धन्यवाद ... आपकी चर्चा की चर्चा चहुँ दिशा है ... यह मंच और बढे यही मनोकामना है ...

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  4. रविकर नजर नहीं आ रहा था
    अब पता चला चर्चा के डब्बे
    एक एक कर एक लम्बी
    चर्चामंच की रेल बना रहा था
    पहले ही डब्बे में अपने को
    कंजूस बताये जा रहा था।

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  5. टोकरी भर चर्चा ही चर्चा , बहुत बेहतरीन पठनीय लिंक्स मिले ...
    आभार !

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  6. चर्चा का दूसरा लिंक गायब है !

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  7. उलझ गयी हूँ लिक्क्स में....
    :-)
    सुलझाते हैं धीरे धीरे.....

    सादर
    अनु

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  8. Jabardast link ke saath bahurange links ke saath sundar charcha prastuti...aabhar!

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  9. पठनीय सूत्रों के साथ इस विषद चर्चामंच की साज सज्जा दर्शनीय है ! इसमें आपने मेरी प्रस्तुति को भी स्थान दिया आभारी हूँ ! बहुत बहुत धन्यवाद !

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  10. पठनीय लिंक्स,बेहतरीन प्रस्तुति,बहुत बहुत धन्यवाद।

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  11. बहुत ही बेहतरीन और प्रशंसनीय प्रस्तुति....


    इंडिया दर्पण
    पर भी पधारेँ।

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  12. बहुरंगी चर्चा में बहुत सी लिक्स पढने को मिली |मेरी रचना शामिल करने के लिए आभार |
    आशा

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  13. कोरम पूरा करना हो तो मैं भी कह दूं बहुत सुंदर चर्चा,

    पर सब कुछ मेरे ऊपर से निकल गया, समझ में नहीं आया ये सब है क्या....

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  14. नए प्रकार की पहल देख रहा हूं। शुभकामनाएं देना चाहूंगा।

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  15. शास्त्री जी, इस मेहनत और बेहतरीन संकलन प्रस्तुत करने के लिए बहुत बधाई एवं धन्यवाद.

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  16. इतने सारे लिंक्स आनन्द नही आया,,,क्योकि,,,,,,सिर्फ
    देखने की फार्मेल्टी रह जाती,,,,,पढ़ने की नही,,,,,,

    MY RESENT POST,,,,,काव्यान्जलि ...: स्वागत गीत,,,,,

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  17. लाज़वाब चर्चा....आभार

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  18. बेहतरीन लिंक्स,बेहतरीन पठनीय प्रस्तुति,
    धन्यवाद बहुत बहुत।

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  19. पुरानी चर्चाओं (अप्रैल १, २०१०) को पुनः चर्चा में लाकर मेरे ब्लॉग 'साझा संसार' पर प्रेषित 'हँसी ठिठोली... बड़ा मज़ा आया' लेख की याद ताज़ा करा दी आपने. चर्चाओं के प्रस्तुतीकरण का अनोखा अंदाज़. बहुत धन्यवाद.

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  20. बहुत सुन्दर चर्चा की है रविकर जी ने बहुत पुराने लिंक्स भी देखने को मिले |बधाई आपको

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  21. वाह, चर्चामंच का यह अंदाज पसंद आया।

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  22. वाह...!
    आज की चर्चा पढ़कर तो सभी पुरानी यादें ताजा हो गईं!
    आभार!

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  23. अति सुंदर, अविस्मर्णीय प्रस्तुति.

    धन्यवाद.

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  24. chochak pe charchaa badhiyaa rahi .

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