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Sunday, September 08, 2013

बड़ा संतुष्ट हूँ : चर्चामंच 1362


"जय माता दी" रु की ओर से आप सबको सादर प्रणाम. चलते हैं आप सभी के चुने हुए प्यारे लिंक्स पर.

प्रस्तुतकर्ता : Ashok Saluja


प्रस्तुतकर्ता : रश्मि शर्मा


प्रस्तुतकर्ता : Pratibha Verma
प्रस्तुतकर्ता : Priti Surana


प्रस्तुतकर्ता : Sushil Kumar Joshi


प्रस्तुतकर्ता : Praveen Malik
प्रस्तुतकर्ता : श्यामल सुमन
प्रस्तुतकर्ता : Vibha Rani Shrivastava
प्रस्तुतकर्ता : Shobha Mishra
प्रस्तुतकर्ता : प्रवीण पाण्डेय
प्रस्तुतकर्ता : Vandana
प्रस्तुतकर्ता : ताऊ रामपुरिया
प्रस्तुतकर्ता : Reena Maurya


प्रस्तुतकर्ता : Rajesh Kumari


प्रस्तुतकर्ता : कविता विकास


प्रस्तुतकर्ता : Kiran Arya


प्रस्तुतकर्ता : Rajendra Sharma


प्रस्तुतकर्ता : तुषार राज रस्तोगी


प्रस्तुतकर्ता : काजल कुमार

इसी के साथ आप सबको शुभविदा मिलते हैं रविवार को. आप सब चर्चामंच पर गुरुजनों एवं मित्रों के साथ बने रहें. आपका दिन मंगलमय हो
जारी है 'मयंक का कोना'
(1)

शठ-सत्ता की समझ ले, पुन: जीत आसान -

सन्ता-बन्ता पर टिके, यदि जनता का ध्यान |
शठ-सत्ता की समझ ले, पुन: जीत आसान |

पुन: जीत आसान, म्यान में रख तलवारें |
जान-बूझ कर जान, आम-जनता की मारें |

इक प्रकोष्ठ तैयार, ढूँढ़ता सकल अनन्ता |
मिला नया हथियार, और कुछ घेरें सन्ता ||

(2)
आपका ब्लॉग

गीता में भगवान् कृष्ण और अर्जुन के लिए प्रयुक्त संबोधन (विशेषण )और उनके अर्थ

गीता में भगवान् कृष्ण और अर्जुन के लिए प्रयुक्त संबोधन (विशेषण 

)और उनके अर्थ 

Appellations in the Bhagavad Gita :For Shri Krishna  and Arjuna

(१)अच्युत :जिससे कभी चूक न हो ,जो कभी भूलें  न करें ,अमोघ ,सदैव अभीष्ट की पूर्ती करने वाला (Infallible )

(२ )अरिसूदन :शत्रुओं का संहार (विनाश )करने वाला। 

(३ )भगवान् :परमपुरुष (the Supreme Divine Personality )

(४ )गोविन्द :इन्द्रियों को परम सुख देने वाला ,गउओं का शौक़ीन ,गऊ प्रेमी ,गऊ जिसे प्रिय हों। 

(५ )ऋषिकेश (हृषिकेश ):इन्द्रियों का देवता ,घुंघराले बालों वाला। 

(६ )जगन्निवास :जिसमें समस्त संसार वास करता है। 

(७ )जनार्दन :जो जन का रखवाला है ,कल्याण करने वाला हैजन जन का । 

(८ )केशिनिसूदन :केशी दैत्य को मारने वाला। 

19 comments:

  1. बहुत सुन्दर प्रस्तुति.. आपको सूचित करते हुए हर्ष हो रहा है कि हिंदी ब्लॉगर्स चौपाल पर आज की चर्चा मैं रह गया अकेला ..... - हिंदी ब्लॉगर्स चौपाल - अंकः003 में हम आपका सह्य दिल से स्वागत करते है। कृपया आप भी पधारें, आपके विचार मेरे लिए "अमोल" होंगें | आपके नकारत्मक व सकारत्मक विचारों का स्वागत किया जायेगा | सादर ....ललित चाहार

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  2. बहुत ही सुन्दर सूत्र, आभार..

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    1. हिंदी ब्लॉगर्स चौपाल पर आज की चर्चा मैं रह गया अकेला ..... - हिंदी ब्लॉगर्स चौपाल - अंकः003 में हम आपका सह्य दिल से स्वागत करते है। कृपया आप भी पधारें, आपके विचार मेरे लिए "अमोल" होंगें | सादर ....ललित चाहार

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  3. हिंदी ब्लॉगर्स चौपाल पर आज की चर्चा मैं रह गया अकेला ..... - हिंदी ब्लॉगर्स चौपाल - अंकः003 में हम आपका सह्य दिल से स्वागत करते है। कृपया आप भी पधारें, आपके विचार मेरे लिए "अमोल" होंगें | सादर ....ललित चाहार

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  4. शुभप्रभात बेटे जी
    आप मेरे खुशी के पल को समझ सके
    शुक्रिया और आभार
    बहुत अच्छे अच्छे लिंक्स हैं
    हार्दिक शुभकामनायें

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  5. This comment has been removed by the author.

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  6. बहुत ही सुन्दर सूत्र, आनंदित कर गयी आप की पसंद।

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  7. बहुत सुन्दर चर्चा प्रस्तुति ..आभार

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  8. इन बेहतरीन लिंक्स में मेरी रचना शामिल करने का शुक्रिया..
    :-)

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  9. अंनंत की चर्चा
    खूबसूरत है तरीका
    आभार उल्लूक का
    दिखा कहीं उसका
    भी कुछ सलीका !

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  10. बहुत ही सुन्दर चर्चा...

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  11. बढ़िया चर्चा प्रिय अरुण-
    बधाई स्वीकारें-

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  12. लिंकों का सुंदर संकलन ,,,आभार

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  13. khubsurat charcha .....
    shukria aap ka Anant sharma ji.....

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  14. सभी लिंक बेहतरीन... मेरी पोस्ट को शामिल करने के लिए आभार ...

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  15. हिंदी लेखक मंच पर आप को सूचित करते हुए हर्ष हो रहा है कि आपके लिए यह हिंदी लेखक मंच तैयार है। हम आपका सह्य दिल से स्वागत करते है। कृपया आप भी पधारें, आपका योगदान हमारे लिए "अमोल" होगा | आपके नकारत्मक व सकारत्मक विचारों का स्वागत किया जायेगा |

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