समर्थक

Monday, October 28, 2013

संतान के लिए गुज़ारिश : चर्चामंच 1412

शुभम दोस्तो.
आज जब चर्चा के लिंक लगाने लगी तो कुछ ब्लॉग में अटक कर रह गई समय अभाव के कारण हम कितना अच्छा साहित्य चूक जाते हैं, लेकिन सामूहिक ब्लॉग पर जो हम कोशिश करते हैं समेट कर लाने की आप सब के पास फुर्सत ही नहीं होती वो सब पढने की ,चलो खैर आपके कारण हम तो कुछ ब्लॉग पर पहुँच कर पढ़ ही पाते हैं हमारा ही भला सही
चलते हैं महीने की आखिरी 
सोमवारीय चर्चा 1412 पर 
''संतान के लिए गुज़ारिश''  
सरिता भाटिया 
.......................................
लघु कथा-घर 
ऋता

.......................................
छरियाना
...............................
दायित्व 
..............................
तुलसी बिन सून लगे अंगना 
...................................
फूल और पत्थर 
.................................
सुजान गढ़ के दूंगर बाला जी 

.....................................
ममता एक माँ की 
....................................
दोहे प्रीत मुक्त आभास
...................................
खुद ब खुद 
उदय 
..................................
ओसकण से निर्मित मंदिर
.......................................
हेलोवीन का वश्विक स्वरूप
वीरेंद्र कुमार शर्मा 
......................................
आठ
प्रियांकाभिलाशी
.........................................
हमें अपने आंसू पोंछकर मुस्कराना होगा 
रश्मि रवीजा 

.........................................
मेरा छठा तत्व 
अलकनंदा सिंह 
......................................
आभारी पटना शहर 
रविकर 
........................................
अब कभी मत कहना 
वंदना गुप्ता 
..........................................
"मयंक का कोना"
--
आख़िर कब तक ?
आस्था बहुत ही पवित्र भाव है, 
लेकिन यही आस्था अगर अंधी हो जाए 
तो वह अपना सही अर्थ खो देती है । 
अंधी अस्था में लिप्त लोगों से जीत पाना 
मुश्किल ही नहीं असंभव प्रतीत होता है....
काव्य मंजूषा पर स्वप्न मञ्जूषा

--
कौन निभाता किसका साथ

कौन निभाता किसका साथ 
आती है रह-रह कर यह बात...
तमाशा-ए-जिंदगी पर तुषार राज रस्तोगी 
--
कवि बना दिया मुझे जबरन

एक लंबे अंतराल के बाद 
अध्ययन और अभिव्यक्ति की साझेदारी के इस ठिकाने पर 
आज प्रस्तुत है तुर्की कवि 
अहमेत इल्कान की यह एक छोटी- सी कविता : 
कवि बना दिया मुझे.....
कर्मनाशा पर siddheshwar singh 
--
यहाँ बहू ना सास, ब्लास्ट यह होय सीरियल-

आभारी पटना शहर, हे गांधी मैदान | 
बम विस्फोटों से गई, महज पाँच ठो जान ...
"लिंक-लिक्खाड़" पर रविकर
--
सबसे बड़ा सच तो झूठ होता है
सच को बस छोड़कर सब कुछ चलता हुआ दिखाई देता है 
सच सबके पास होता है 
जेब में कमीज और पेंट की हाथ में कापी और किताब में 
एक के सच से दूसरे को कोई मतलब नहीं होता है 
अपने अपने सच होते हैं सब का आकार अलग होता है..
उल्लूक टाईम्स पर Sushil Kumar Joshi

--
आभारी पटना शहर, हे गांधी मैदान -
 होवे अनुसंधान, पकड़िये अत्याचारी | 
बना रहे यह तंत्र, लोक हरदम आभारी...
रविकर की कुण्डलियाँ

--
रावण [ कुण्डलिया ]
रावण अंतस में जगा ,करता ताण्डव नृत्य 
दमन करें इसका अगर फैले नहीं कुकृत्य....
गुज़ारिश पर सरिता भाटिया 

--
"प्यार के दिन"
 काव्य संग्रह "सुख का सूरज" से
एक गीत
"प्यार के दिन"

नये रंग भरने के दिन आ गये हैं।
अब प्यार करने के दिन आ गये हैं।...
सुख का सूरज
--
L O C tension

अपने इन हालात के ख़ुद ही तो हम जिम्मेदार नहीं ? 
शांति शांति क्योंकर चिल्लाएँ ? 
क्या हम पे हथियार नहीं....
डॉ. हीरालाल प्रजापति
--
छद्म रूप में धर्म, आज निरपेक्ष विराजा -
नइखे नूँ की पेशकश, भर देती आनंद | 
लिट्टी चोखा सा सरस, कविता का हर बंद...
"लिंक-लिक्खाड़" पर रविकर

--
कुछ लिंक "आपका ब्लॉग" से
आपका ब्लॉग
Hallow eve'n (हैलो -ईवनिंग ) को 
जब इकठ्ठा पढ़ा गया तो स्लेंग हो गया 
"हेलोवीन "
The Truth About Halloween
--
कोई सीखे तो पहले खाक होना
जरूरी है बहुत बेबाक होना।
मगर अच्छा नहीं चालाक होना।।
कोई पूछे हमारी जिन्दगी से।
किसे कहते हैं दामन चाक होना।।
--
लोकतंत्र करे अपील (छंदमाला)
दोहा
बज रहे बड़े जोर से, चुनावी शंखनाद ।
अब साम दाम भेद से, चल रहा शाह मात ।।
--
स्वतंत्रता प्राप्ति के बाद समाज में नारी की स्थिति की विवेचना

प्रसिद्ध दार्शनिक अरस्तु ने कहा है कि 
स्त्री की उन्नति या अवनति पर ही राष्ट्र की उन्नति निर्भर है।
यूएनडीपी के महिला विकास रिपोर्ट २०११ के अनुसार १३६ देशों में वैश्विक लैंगिक अंतर सूचकांक मे भारत की स्थिति १०१, स्वास्थ्य मे दूसरा निम्नतम स्तर १३५, आर्थिक भागीदारी मे १२४ एवं शिक्षा में १२० है। ऑक्सफोर्ड पॉवर्टी एंड ह्यूमन डेवलपमेंट इनिशिएटिव और संयुक्त राष्ट्र विकास  कार्यक्रम (यूएनडीपी) मानव विकास रिपोर्ट २०११  के अनुसार बहुआयामी गरीबी सूचकांक (एमपीआई) 2010 मे भारत की स्थिति १०३ देशों मे ७३ है| संयुक्त राष्ट्र के खाद्य और कृषि संगठन., २०११  के अनुसार कृषि में भारत की स्थिति १३३ देशो मे ९८ है । अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष. 8 अक्टूबर 2013 को उपलब्ध आकडों के अनुसार सकल घरेलू उत्पाद (नाममात्र) प्रति व्यक्ति में भारत की स्थिति १८४ देशों मे १३८ है|...
 
--
समय हो तो अवश्य सुनें यह गीत मयंक कोना पढ़ते पढ़ते 


बड़ों को नमस्कार
छोटों को प्यार 
.. शुभविदा .. 

23 comments:

  1. अक्टूबर माह के अंतिम सोमवार की भीनी भीनी चर्चा के सुंदर सूत्रो के बीच उल्लूक का पन्ना 'सबसे बड़ा सच तो झूठ होता है' को भी दिखाने के लिये दिल से आभार !

    ReplyDelete
  2. बेहतरीन चर्चा सजी | जय हो | मेरी रचना को मान देने के लिए शुक्रिया |

    ReplyDelete
  3. सुप्रभात....।
    बहुत सुन्दर चर्चा प्रस्तुति।
    साझा करने के लिए आभार।

    ReplyDelete
  4. so nice, good links. thanks for sharing my post here...

    ReplyDelete
  5. बहुत सुंदर एवं भावभीनी चर्चा, आ. सरिता जी.

    ReplyDelete
  6. प्यार न बन्धन में बँधे, माने नहीं रिवाज।
    प्रीत मुक्त आभास है, चाहत की परवाज

    बिना प्यार के आदमी रहता है मोहताज़ ,
    प्रेम की पाटी जो पढ़े उसके सिर पे ताज।

    सुन्दर अर्थ और भाव है शास्त्री दोहावली का।

    ReplyDelete
  7. यथार्थ की झर्बेरियाँ हैं इस लघु कथा में। पराधीन सपनेहूँ सुख नाहिं।

    लघुकथा....घर
    वह बहुत खुश थी...उसने राधा-कृष्ण की एक पेंटिंग बनाई थी...दौड़ी दौड़ी माँ के पास गई...माँ,इसे ड्रॉइंग रूम में लगा दूँ...माँ - बेटा इसे तेरी भाभी ने बड़े प्यार से सजाया है...तेरा पेंटिंग लगाना शायद उसे पसंद आए न आए...तू ऐसा कर, इसे सहेज कर रख...अपने घर में लगाना|
    शादी के बाद...सासू माँ...इस पेंटिंग को ड्रॉइंग रूम में लगा दूँ?...बेटा...जो जैसा सजा है वैसे ही रहने दो...इसे अपने घर में लगाना|
    पति के साथ नौकरी पर...इसे ड्रॉइंग रूम में लगा देती हूँ...
    पति-नहीं, अपने बेड रूम में लगाओ या कहीं और...यह मेरा घर है...मेरी मर्जी से ही सजेगा|
    पेंटिंग बक्से में बंद हो गया वापस...आज फिर वह उसी पेंटिंग को लिए खड़ी थी...बेटे के ड्रॉइंग रूम में...सोच रही थी...क्या यह घर मेरा है?

    .................................ऋता

    ReplyDelete
  8. मुझे बस यही समझ में आया कि बीमारी बस बिमारी .…
    भोजपुरी में एक शब्द है छरियाना ….
    जो किसी बच्चे में कभी भी हो जाता है …।
    छरियाना जादू -टोना से नहीं होता है ……।

    छरियाना का अर्थ हुआ मचल जाना

    ये स्साला टोटका फोट का कुछ नहीं होता अलबत्ता -"बुरी नजर वाले तेरा मुंह काला ",सुन्दर बालक के माथे पे काला टीका ,कमर में काले रंग की तगड़ी (काला धागा )तो टेढ़ी टांग वाला भी पहनता था जो बड़े बड़े राकछ्सन (राक्षसों )को ठिकाने लगा गया।

    छरियाना
    विभा श्रीवास्तव

    ReplyDelete
  9. सुन्दर हैं
    चर्चा मंच की समस्त प्रस्तुतियां
    आभार आदरणीय / आदरेया-

    ReplyDelete
  10. बहुत सुन्दर।

    बहुत सुन्दर।

    क्योंकि इस दुनिया में -अब नहीं है माँ ,बिटिया को शिक्षा का दायित्व देते देखा था

    ReplyDelete

  11. अलगाव रहा अपनेपन से, निज जीवन में बिखराव रहा !
    पग है अति बोझिल मंजिल के, मन मे इतना उलझाव रहा !
    शुचि धीरज भाव भरा फिर भी, भ्रम-भाव भरा भटकाव रहा !
    दुख से न दुराव रहा अब तो,सुख से न विशेष लगाव रहा !
    बहुत खूब भदौरिया साहब।

    तुलसी बिन सून लगे अंगना
    धीरेन्द्र सिंह भादौरिया

    ReplyDelete
  12. बिस्कुट खाए रावना, लगे राम पर दोष |
    आग लगाए सावना, कोसें पिया पड़ोस |
    कोसें पिया पड़ोस, कौन दंगे करवाता |
    करते किस पर रोष, क्लीन चिट के पा जाता |
    करे सियासत धूर्त, घुसे हैं जबसे चिरकुट |
    देते गलत बयान, खाय परदेशी बिस्कुट ||

    हे नेता समुदाय, लगा लो थोड़ी अक्कल |
    यहाँ बहू ना सास, ब्लास्ट यह होय सीरियल-

    ये सब बकरिया और उस मैमने का किया धरा है जो


    दंगा दंगा करता मिमियाता घूम रहा है सारे देश में -ISI

    के पाकिस्तान सोच वाले नागरिकों की ज़ुबानी

    फेहरिस्त लिए।

    Patna, Oct 27: The serial bomb blasts in Patna on Sunday were a "direct attack" on BJP's party's prime ministerial candidate Narendra Modi, a party leader said. "There is no doubt that the blasts were an attempt to disrupt the BJP rally. In fact, it's a direct attack on Modiji. We don't know who are behind this attack, but both the centre and Bihar governments are answerable," Bharatiya Janata Party (BJP) spokesperson Meenakshi Lekhi told reporters here. Addressing a party event here, Lekhi called the Congress-led United Progressive Alliance (UPA) central government "worthless" for the seven low-intensity blasts which killed five people. Lekhi also attacked Congress vice president Rahul Gandhi for his remarks that Pakistan's Inter Services Intelligence contacted Muslim youths affected by the Muzaffarnagar communal violence in Uttar Pradesh. "Who is he to be briefed by the intelligence agencies....if he is correct, what has the centre done in this regard...why does he keep raising the issue of assassination of his grandmother (Indira Gandhi) and father (Rajiv Gandhi) who were killed because of their faulty politics?" she asked. Without naming the Mamata Banerjee-led Trinamool Congress government in West Bengal, she accused it of communally polarising the state. "Bengal traditionally has been known for its communal harmony. But we can see attempts are now being made to communally polarise the state. The signs are not good," added Lekhi.

    Read more at: http://news.oneindia.in/india/patna-blasts-an-attack-on-narendra-modi-says-bjp-1331529.html

    ReplyDelete
  13. बिस्कुट खाए रावना, लगे राम पर दोष |
    आग लगाए सावना, कोसें पिया पड़ोस |
    कोसें पिया पड़ोस, कौन दंगे करवाता |
    करते किस पर रोष, क्लीन चिट के पा जाता |
    करे सियासत धूर्त, घुसे हैं जबसे चिरकुट |
    देते गलत बयान, खाय परदेशी बिस्कुट ||

    हे नेता समुदाय, लगा लो थोड़ी अक्कल |
    यहाँ बहू ना सास, ब्लास्ट यह होय सीरियल-

    ये सब बकरिया और उस मैमने का किया धरा है जो


    दंगा दंगा करता मिमियाता घूम रहा है सारे देश में -ISI

    के पाकिस्तान सोच वाले नागरिकों की ज़ुबानी

    फेहरिस्त लिए।

    इंदौर। मुजफ्फरनगर दंगों के बाद पाकिस्‍तानी आईएसआई के द्वारा भारतीय मुस्लिमों से संपर्क किये जाने के झूठ पर राहुल गांधी बुरी तरफ फंस गये हैं। खास बात यह है कि अब उनके खिलाफ चुनाव आयोग की नजरें भी टेढ़ी हो गई हैं। यानी अगर आयोग सख्‍त हुआ तो एमपी विधानसभा चुनावों के दौरान राहुल के आगे के भाषणों पर रोक लगायी जा सकती है। असल में इंदौर में रैली के दौरान राहुल गांधी ने कहा कि उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर के दंगा पीड़ितों से अब आईएसआई संपर्क कर रहा है। इस पर खुफिया विभाग ने सरकार को एक रिपोर्ट भेजी और कहा कि ऐसी कोई सूचना खुफिया विभाग के पास नहीं है। उसी के तुरंत बाद भाजपा ने चुनाव आयोग में शिकायत दर्ज करा दी। भाजपा नेता नरेंद्र सिंह तोमर ने राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी से शिकायत की और उन पर दंगे भड़काने का आरोप लगाया। भाजपा ने इसे आचार संहिता का उल्लंघन करार दिया है। तोमर ने राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी से शिकायत कर कहा था कि राहुल गाधी ने इंदौर में अपने भाषण से धार्मिक समुदायों के बीच घृणा की भावना उत्पन्न करने की कोशिश की है। इसके साथ ही उन्होंने जनता के बीच भ्रम फैलाया हैं और आचार संहिता का उल्लंघन किया है। भाजपा की शिकायत पर राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी जयदीप गोविंद ने इस मुद्दे पर इंदौर के जिला निर्वाचन अधिकारी से रपट मांगी थी। सूत्रों का कहना है कि जिला निर्वाचन अधिकारी आकाश त्रिपाठी ने अपनी रपट राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी को भेज दी और गोविंद ने इसे निर्वाचन आयोग को भेज दिया है। खबर है कि इंदौर जिला निर्वाचन अधिकारी ने अपनी रपट के साथ राहुल गांधी के भाषण की सीडी भी भेजी है। अब देखना यह है कि राष्‍ट्रीय चुनाव आयोग राहुल पर क्‍या फैसला लेता है।

    Read more at: http://hindi.oneindia.in/news/india/election-commission-to-take-on-rahul-gandhi-269797.html

    ReplyDelete
  14. जिसके बारे में पढ़के ही उससे प्यार हो जाए वह कृष्ण कन्हैया कैसा रहा होगा। माथे पे तिलक बहुत शोभ रहा है छाया चित्र में ऐसे लोग हिन्दू या मुसलमान नहीं होते इंसानियत के दोस्त होते हैं। सिर्फ सुन्दर नहीं होते ये लोग साक्षात सौंदर्य होते हैं।

    डॉ कौसर एक जिंदादिल इंसान जिंदादिली ज़ारी रखें जहाँ जिस सातवें आसमान पर हों।

    ReplyDelete
  15. जिसके बारे में पढ़के ही उससे प्यार हो जाए वह कृष्ण कन्हैया कैसा रहा होगा। माथे पे तिलक बहुत शोभ रहा है छाया चित्र में ऐसे लोग हिन्दू या मुसलमान नहीं होते इंसानियत के दोस्त होते हैं। सिर्फ सुन्दर नहीं होते ये लोग साक्षात सौंदर्य होते हैं।

    डॉ कौसर एक जिंदादिल इंसान जिंदादिली ज़ारी रखें जहाँ जिस सातवें आसमान पर हों।

    हमें अपने आंसू पोंछकर मुस्कराना होगा
    रश्मि रवीजा

    ReplyDelete
  16. मेरी रचना को मान देने की लिए आपका बहुत सुक्रिया

    ReplyDelete
  17. सुन्दर लिंक संयोजन

    ReplyDelete
  18. बहुत ही अच्छे लिंक्स मिले....मेरी पोस्ट शामिल करने का शुक्रिया

    ReplyDelete
  19. सभी सूत्र अच्छे लगे ,,,मेरी पोस्ट शामिल करने के लिए आभार सरिता जी ,,,,

    RECENT POST -: तुलसी बिन सून लगे अंगना

    ReplyDelete
  20. मेरी रचना '' अपने इन हालत के ...............'' को शामिल करने हेतु बहुत बहुत धन्यवाद !

    ReplyDelete

"चर्चामंच - हिंदी चिट्ठों का सूत्रधार" पर

केवल संयत और शालीन टिप्पणी ही प्रकाशित की जा सकेंगी! यदि आपकी टिप्पणी प्रकाशित न हो तो निराश न हों। कुछ टिप्पणियाँ स्पैम भी हो जाती है, जिन्हें यथा सम्भव प्रकाशित कर दिया जाता है।

LinkWithin