"श्रीकृष्ण जन्माष्टमी की बधाई!”
(डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक')
"योगिराज श्रीकृष्णचन्द्र महाराज की जय हो!"
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फल की इच्छा मत करो, कर्म करो निष्काम।
कण्टक वृक्ष खजूर पर, कभी न लगते आम।।
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जन्म लिया यदुवंश में, कहलाये गोपाल।
लीलाओं को देखकर, माता हुई निहाल।।
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धन्य हुए गोपाल से, गोकुल मथुरा धाम।
क्रूर कंस का नाश कर, कहलाए भगवान।।
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जन, गण, मन में रम रहे, कृष्णचन्द्र महाराज।
गीता अमृतपान से, बनते बिगड़े काज।।
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