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सोमवार, जनवरी 28, 2013

सादी चर्चा : चर्चामंच-1138

दोस्तों 'ग़ाफ़िल' का आदाब क़ुबूल फ़रमाएं!
पेश हैं आज की चर्चा के कुछ लिंक्स
आप सभी को शायद पसन्द आएं-

आज के लिए इतना ही फिर मिलने तक नमस्कार!

कमेंट बाई फ़ेसबुक आई.डी.

रविवार, जनवरी 27, 2013

“सोन चिरैया अब कहाँ है…?” (चर्चा मंच-1137)

मित्रों!
     चौंसठवाँ गणतन्त्र भी बीत गया! आइए! इस अवसर पर यह प्रेरणा लें कि हम संविधान का न केवल देश में पालन करेंगे अपितु अपने निजी जीवन में भी नियम कानूनों का पालन करेंगे।
" इतिहास में 26 जनवरी"
सोने पे सुहागा

जानिये कि राष्ट्र गान का अर्थ क्या है ?
जलियाँवाला बाग के नर संहार के बाद रवीन्द्रनाथ टैगोर ने सम्मान में मिली अपनी ‘सर’ की उपाधि लौटा दी थी ! अपने देश की महिमा में उन्होंने बेमिसाल गीतों की रचना...
एक प्रयास

योगक्षेम वहाम्यहम तुमने ही तो कहा ना .
जब आत्मज्ञान मिल जाये उसमे और खुद में ना कोई भेद नज़र आये बस तब साक्षी भाव से दृष्टा बन जाओ और देखो उसकी लीला...
रूप-अरूप

गणतंत्र दिवस की बहुत-बहुत बधाई हो मित्रों......
गणतंत्र दिवस की बहुत-बहुत बधाई हो मित्रों...... उम्र हमें कुछ देता है तो हमसे हमारा बहुत कुछ छीन भी लेता है....बचपन और उसकी मस्‍ती... गणतंत्र दि‍वस हो या...
न दैन्यं न पलायनम्

ठंड में स्नान 
शरीर से उठती भाप, श्रद्धा का सिन्धु कुम्भ में कई श्रद्धालुओं को स्नान करते हुये देख रहा हूँ, शरीर से भाप का उठना स्पष्ट देखा जा रहा है
चैतन्य का कोना

हमारे राष्ट्रीय चिन्ह -*राष्ट्रीय ध्वज - तिरंगा * *राष्ट्रीय पक्षी - मोर * * **राष्ट्रीय पुष्प - कमल ...

माधव
हैपी रिपब्लिक डे -

Hindi Tools - हिंदी उपकरण - हिंदी टाइपिंग और ब्लॉगिंग
खीरां आई खिचड़ी अर टिल्लो आयो टच्च - *खीरां आई खिचड़ी अर टिल्लो आयो टच्च = मौके पर आना|* गांवों में आज भी शादी हो या अन्य समारोह इंतजाम के लिए गांव वाले मिलकर ही कार्य करते हैं..,
ई-पण्डित / ePandit - Hindi Tech Blog
इंटैल डैस्कटॉप मदरबोर्ड बनाना बन्द करेगा - यह एक युग का अन्त है। इंटैल ने घोषणा की है कि वह अगले तीन वर्षों में डैस्कटॉप के मदरबोर्ड बनाना बन्द कर देगा…..
Hindi Tips

how to setup lens flare effect - आप भी दिखाएं Lens Flare Effect अपने ब्लॉग पर बिना फोटोशाप के…
5TH Pillar Corruption Killer
क्या है हमारा राष्ट्रीय पर्व गणतंत्र दिवस ??? -भारत में 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस (Republic Day) मनाया जाता है और यह भारत का एक राष्ट्रीय पर्व है…
Cartoon, Hindi Cartoon, Indian Cartoon, Cartoon on Indian Politcs: BAMULAHIJA

कहाँ गण और कहाँ तंत्र
ताऊ डाट इन

एक गौरैया, फ़ुदकती थी यहां, अब कहां है -
 *फ़ुदकती थी यहां* *कहां है **अब * * * *2* *सीता व राम* *परिणय के बाद* *झूजते रहे* *3* *शिव शंकर* *महा औघड दानी* *स्वयं बेघर* *4...
काव्य का संसार
मगर टिमटिमा कर के जलते तो है 
पीने की हमको है आदत नहीं, म
गर दारू घर में हम रखते तो है ...
मैं और मेरी कवितायेँ...

गणतंत्र …… संध्या शर्मा 
झोंपड़ियों से बंगलों तक तहसील से थानों तक अफ़सरों से नेताओं तक गलियों से चौबारों तक जंगल से शहरों तक हर जगह ढूँढा नहीं मिला गणतंत्र…
" जीवन की आपाधापी "
तंत्र ......... जनतंत्र ....... गणतंत्र ......
सभी मित्रों , साथियों एवं देशवासियों को गणतंत्र दिवस की बहुत बहुत बधाई , ढेरों अनेकों शुभ-कामनाएं ! इस एक दिन के राष्ट्रीय पर्व पर अपने दिलों में…
ram ram bhai
अतिथि गज़ल :डॉ .वागीश मेहता 
साँसों पे बंदिश हुई हजरात क्या , दिन क़यामत की हुए सौगात क्या . सूर्य की किरणें जहां हों ,कैद में , चांदनी की वाँ भला औकात...
Kajal Kumar's Cartoons काजल कुमार के कार्टून

कार्टून :- हैप्पी गनतंतर दि‍वस -

Farishtay jhanda uncha Rahe Hamara - देशप्रेम की अनन्य भावना से ओतप्रोत यह खूबसूरत गीत सुनिये ! इस तिरंगे को कोटिश: प्रणाम ! सभी आत्मीय बंधुओं को गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनायें !
अविनाश वाचस्पति
*क्‍या इतनी जबरदस्‍ती ठीक है ? (कविता) -*जबरदस्‍ती जबर्दस्‍त मत कहें ईश्‍वर गलत कहने के लिए भी आपसे हिसाब मांगेगा कहेगा कि करो व्‍याख्‍या इस कविता की संदर्भ सहित तब आप बगलें नहीं झांकने लगोगे
yatra (यात्रा ) मुसाफिर हूं यारो .............

लाटू देवता से रनकाधार,रूपकुंड यात्रा , नंदा देवी राजजात का एक हिस्सा घूमिये -
|| आकाश के उस पार ||
पतंग - पतंगों का मौसम है | कल गणतंत्र दिवस भी है | एक ख्वाहिश है, जो शायद बहुत सारे दिलों में होगी - मुहोब्बत के मांझे से कसकर बंधी हो, ऐसी पतंग हम उड़ायें..
कंप्यूटर वर्ल्ड हिंदी
Happy Republic Day - गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएँ एवम् बधाई। Happy Republic Day! आप सभी को वरुण की तरफ से गणतंत्र दिवस की शुभकामनाऐँ..
Vyom ke Paar...व्योम के पार

पुकार - हर वर्ष की भांति आज 26 जनवरी को हम अपना गणतंत्र दिवस मना रहे हैं ।  हम भारतीय कुछ अधिक ही आशावादी हैं,होना भी चाहिए लेकिन इन कुछ सालों में...
Hindi :: MyWebdunia
अपनी प्रतिभा पहचानें!सुभाष बुड़ावनवाला 
अपनी प्रतिभा पहचानें!!! क्या इंटरव्यू के दौरान आपके हाथ-पैर फूल जाते हैं?
आपकी कितनी भी जानकारी क्यों न रखें लेकिन जब समय आता है अपनी काबिलियत साबित ..
साहित्य प्रसून
नेताजी सुभाष चन्द्र बोस - कल नेताजी सुभाषचन्द्र बोंस की जयन्ती थी | आज की विषम परिस्थिति में उन जैसा कोई अवतारी पुरुष ही सुधार कर सकता है | 'स्वार्थी भारतीय समाज के कुर्सी के लोभी ..
उल्लूक टाईम्स
राम नहीं खोल सकता कोई वैंडर तेरे नाम का टेंडर- *सोच रहा था कल से इस पर कुछ भी नहीं लिखना विखना चाहिये करने वाले को कौन सा इसे पढ़ ही लेना है मुझे भी बस चुप ही रहना चाहिये …
त्रिवेणी
पाया जो तुम्हें -
*1* *पाया** **जो** **तुम्हें*** *उमंग** **बनी** **मेरी*** *खुशियों** **की** **बहार*** *गोद** **में** **लिया*** *ज्यों** **बेटे** **का**...
कबीरा खडा़ बाज़ार में
यही है सेकुलरिज्म 
यही है सेकुलरिज्म समाचार पत्रों में प्रकाशित एक खबर के अनुसार पाकिस्तान की कोटलखपत जेल में जम्मू -कशमीर राज्य के एक गाँव के निवासी चमेल सिंह की पीट पीटकर...
दिनेश की दिल्लगी, दिल की सगी
ऊपर प्रभु निश्चिन्त, बजे जनता का बाजा - 
*ईश्वर कमज़ोर हो गया है ? आजादी अभिव्यक्ति की, चटुक चुटीले भाव | ईश हुआ उन्नीस है, मत उसको उकसाव | मत उसको उकसाव, भक्त ही बनते ...
नीम-निम्बौरी

मर्यादा पुरुषोत्तम राम की सगी बहन : भगवती शांता -1
दिनेश चन्द्र गुप्ता ,रविकर वरिष्ठ तकनीकी सहायक इंडियन स्कूल ऑफ़ माइंस धनबाद झारखण्ड पिता: स्व. सेठ लल्लूराम जी गुप्ता माता : स्व. मुन्नी देवी...
Akanksha

ऊष्मा प्यार की -
रात कितनी भी स्याह क्यूँ न हो चाँद की उजास कम नहीं होती प्यार कितना भी कम से कमतर हो उसकी मिठास कम नहीं होती कितना प्यार किया तुझको यह तक नहीं जता पाया...
"कुछ कहना है"
अनुशंसा-तारीफ़, तनिक करना भी जानो-
विद्वानों की टोलियाँ, *बतर बोलियाँ बोल ।
करें कलेजा तर-बतर, पोल-पट्टियाँ खोल । पोल-पट्टियाँ खोल, …
BALAJI

कर भला हो भला | -
अरे कलुआ ( बदले हुए नाम ) ...कहाँ है रे | तू बाहर आ | क्या कर दिया रे | आज मेरे पुत्र को क्या हो गया ? बहुत कुछ बडबडाते हुए वह औरत आगे बढ़ रही थी...
अंदाज ए मेरा

गण गौण, तंत्र हावी! 
 दुनिया के सबसे बड़े गणतंत्र को बने 63 साल हो गए। इन तिरसठ सालों में काफी कुछ बदला है। एक बड़ा बदलाव यह हुआ है कि 'गण' गौण होता जा रहा है और 'तंत्र' हावी ...
वटवृक्ष

दृष्टिकोण : जिस पथ जाएँ वीर अनेक 
जिस पथ जाएँ वीर अनेक भारतीय सेना के उच्च नैतिक मूल्य वीरता का पथ विश्वशांति और सौहार्द की ओर जाता है और युद्ध में मानवीयता का एक महत्त्वपूर्ण पक्ष भी है...

मोड़-मोड़ पर खड़े हैं लाख इम्तिहां !
देश को बहुत है आस तुमसे नौजवां !
ज़र्रा-ज़र्रा हिंद का निहारता तुम्हें …
मां का रोम-रोम ; सुन ! पुकारता तुम्हें …
नौजवान आ !
नूरे-जहान आ !
हिंद के मुस्तक़बिल ! रौशन-निशान आ !!
गणतंत्र दिवस के अवसर पर मेरी यह पूरी नज़्म
इस लिंक पर ज़रूर पढ़-सुन कर अपनी राय दीजिएगा ...
शस्वरं: क़तरा-क़तरा ख़ून का तेरा वतन का है ! »
आज के लिए इतना ही…!

शनिवार, जनवरी 26, 2013

जीवन जीने की पाठशाला


गणतंत्र दिवस की शुभकामनाओं के साथ आज की चर्चा में प्रवेश कीजिये और अपनी पसन्द का आनन्द लीजिये 
वैसे जैसे हालात हैं और जिस माहौल में हम जी रहे हैं
उसमें कोई शुभकामना या कोई पर्व तब तक 
कोई मायने नहीं रखता जब तक हमारे अन्दर
एक ईमानदार जज़्बा ना जागृत हो जाये
अन्याय से लडने का 
ज़ुल्म को मिटाने का
देश को एक स्वस्थ समाज देने का 

एक स्वर होने का आह्वान ... (4)

ये वक्त की आवाज़ है 


मैं लगा देती हूँ निर्वस्त्रता के सम्पुट जब भी

फिर तो जरूर कुछ ना कुछ होगा


कृष्ण की बातों को समझने का एक सुगम माध्यम

जीवन जीने की पाठशाला 



कटुसत्य - २

सत्य तो सत्य है 

यह है एक ऐसी जगह, जहां एक महिला के होते हैं कई पति

आश्चर्य कैसा ………यहाँ सब संभव है


जिंदगी फिर भी चलती जा रही है।

जीवन चलने का नाम जो है 

ये हमसे नहीं होगा...खुशदीप

तो फिर क्या होगा ?


मैं कह नहीं पायी

अब पछताये होत क्या 


खादी के सफ़ेद कुरते में ----------

फ़ितरत नहीं बदला करती 


बेटाडीन मांगता अश्वत्थामा...संध्या शर्मा

फिर भी ना भरा ज़ख्म


स्वामी विवेकानंद -गतांक से आगे - २४/१/'१३

 एक दिव्य ज्योति जो आलोकित कर गयी विश्व को

संवाद

अब कहाँ संभव हो पाता है 


निम्न चित्र में देखें कि क्या कुछ कापी हुआ ?

देखते हैं 

ओ मीत

आ जा इक बार 


सुभाष की खोज मिष्‍टी बनेगी कांची

जानिये इसे भी 


कुछ लोग

कभी नहीं बदलते

'आपत्तिजनक' निर्णय!

बस यही कर सकते हैं 


भारत हमारा

क्या सच में हमारा है?


माँ

नतमस्तक होने के सिवा और क्या कहूँ ?

पश्चिमी दर्शन और भौतिकवाद

कहाँ से कहाँ ले गया 


आओ मिलकर हम मनाएं गणतंत्र का दिन

ये औपचारिकता भी जरूरी है



गणतंत्र …… संध्या शर्मा

क्या सच में



क्या यही है गणतंत्र भारत का ?

पता नहीं


तंत्र ......... जनतंत्र ....... गणतंत्र ....... >>> संजय कुमार

अब तो फ़ैले हैं ना जाने कौन कौन से तंत्र

आश्वासन के घेरे

इसी मे तो घिरा जाता है


जन गण मन अधिनायक गाओ

और शाम को भूल जाओ ……एक दिन का फ़लसफ़ा



"सिसक रहा गणतन्त्र" (डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक')

सत्य वचन



आप सभी का दिन शुभ हो …………अब आज्ञा चाहूँगी उम्मीद है लिंक्स पसन्द आये होंगे……

शुक्रवार, जनवरी 25, 2013

बोलो तो-बा-शिंदे : चर्चा मंच 1135

तो-बा-शिंदे बोल तू , तालिबान अफगान-

 तो-बा-शिंदे बोल तू , तालिबान अफगान ।

काबुल में विस्फोट कर, डाला फिर व्यवधान ।

डाला फिर व्यवधान, यही क्या यहाँ हो रहा ?

होता भी है अगर, वजीरी व्यर्थ ढो  रहा ।

फूट व्यर्थ बक्कार, इन्हें चुनवा दे जिन्दे ।

होवे खुश अफगान, पाक के तो बाशिंदे ।। 

आज ईद-मीलादुन्नवी (बारावफात)!
हज़रत मुहम्मद साहब का जन्म दिन 
मुसलमानों का बड़ा त्योहार  है
सभी मुसलमान भाइयों को
शुभकामनाएँ!

गुलामी का असर,,,

धीरेन्द्र सिंह भदौरिया 
छोड़ा है कुछ भी नहीं, सबको लिया लपेट |
संस्कार के गाल पर, पड़ते रहे चपेट |

पड़ते रहे चपेट, आज का नकली जीवन |
देखो राधा नाच, तेल बहता है नौ-मन |

परंपरा को तोड़, आधुनिकता तो जोड़ा |
लेकिन भौंड़ी नक़ल, कहीं का नैहै छोड़ा ||

 ग्रीडी बा- शिंदे बहुत, सत्ता से है मोह |
आँके ना बलिदान को, करे हिन्दु से द्रोह |
करे हिन्दु से द्रोह, मगर हे संघी भाई |
नागपुरी-संतरे, यहाँ जो कलम लगाईं |
कांटे उगते देख, भला क्यूँ अपनी हाँके |
जाय गलत सन्देश, देश भी कमतर आँके ||


उद्धव द्वापर में व्यथित, फिर आये कलिकाल ।
चाक़ू पाकर गोपियाँ, काटें कामुक-चाल ।

काटें कामुक-चाल, श्याम भी अब घबराए ।
खुद को रहे सँभाल, नहीं यमुना तट जाए ।

*भौमासुर अपहरित, हजारों बाला माधव ।
बंधन से आजाद, कराओगे कब उद्धव ??
*सोलह हजार राजकुमारियों को बंधक बनाने वाला


कृष्ण तुम मोडर्न बन जाओ !

Kalipad "Prasad" 
चाकू रखती गोपियाँ, शिवसेना दे बाँट |
नहीं  जोहती बाट अब, सीधे देती काट |
सीधे देती काट , कृष्ण छल-रूप सुधारो |
छेड़छाड़ अपराध, सीटियों यूँ न मारो |
डाल जींस टी-शर्ट, बनो न कृष्ण हलाकू |
मनमोहन गर मौन, चलाये ममता चाकू ||


शिंदे को बर्खास्त करे कांग्रेस : सुषमा स्वराज 
शिंदे फंदे में फंसे, नाखुश हाइ-कमान |
निकला-तीर कमान से, है मुश्किल में जान |


है मुश्किल में जान, बयानी जान-बूझकर |
कई मर्तबा झूठ, करे गुल बिजली रविकर |


करते रहते बीट, विदेशी ढीठ परिंदे |
लगता वो तो मीठ, बुरे लगते बाशिंदे ||


Virendra Kumar Sharma 

काबुल में करता रहा, तालिबान विध्वंस |
मुख्य विपक्षी है वहाँ, लगातार दे दंश |


लगातार दे डंस, बड़ा आतंकी दल है |  
 लांछित भाजप किन्तु, राष्ट्र का बल-सम्बल है |


फिर भी तुम बेचैन, बहुत हो जाते व्याकुल |  
 अंड-बंड बकवास, बनाना चाहो काबुल ||

गडके-करी समेत धन, पता पता नहिं मित्र-

पैना पड़ता पीठ पर , लेकिन चमड़ी मोट ।
दमड़ी दमड़ी लुट गई, सहता रहता चोट ।
फोटो खिंचा रहा अनशन में ।

पैनापन तलवार सा, कैंची कतरे कान ।
सुन लो बात वजीर की, होता जो हैरान-
आग लगे उस नश्वर तन में ।।







अज्ञातवास.......

  (सतीश पंचम यादव)  











" न्याय करना सीखो ....!! कांग्रेसियों !!

PD SHARMA, 09414657511 (EX. . VICE PRESIDENT OF B. J. P. CHUNAV VISHLESHAN and SANKHYKI PRKOSHTH (RAJASTHAN )SOCIAL WORKER,Distt. Organiser of PUNJABI WELFARE SOCIETY,Suratgarh (RAJ.) at 5TH Pillar Corruption Killer  

दुविधा...!!!!

Suman Anuragi 


"ऐसे होगा देश महान" (डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक')

डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री मयंक (उच्चारण)

उच्चारण 



जब होगा मेरे भारत में  सबसे सुखी किसान।
तब जग का शिरमौर बनेगा, अपना हिन्दुस्तान।।