साहित्यकार समागम

मित्रों।
दिनांक 4 फरवरी, 2018 (रविवार) को खटीमा में मेरे निवास पर साहित्यकार समागम का आयोजन किया जा रहा है।

जिसमें हिन्दी साहित्य और ब्लॉग से जुड़े सभी महानुभावों का स्वागत है।

कार्यक्रम विवरण निम्नवत् है-
दिनांक 4 फरवरी, 2018 (रविवार)
प्रातः 8 से 9 बजे तक यज्ञ
प्रातः 9 से 9-30 बजे तक जलपान (अल्पाहार)
प्रातः 10 से अपराह्न 1 बजे तक - पुस्तक विमोचन, स्वागत-सम्मान, परिचर्चा (विषय-हिन्दी भाषा के उन्नयन में
ब्लॉग और मुखपोथी (फेसबुक) का योगदान।
अपराह्न 1 बजे से 2 बजे तक भोजन।
अपराह्न 2 बजे से 4 बजे तक कविगोष्ठी
अपराह्न 5 बजे चाय के साथ सूक्ष्म अल्पाहार तत्पश्चात कार्यक्रम का समापन।
(
डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री का निवास, टनकपुर-रोड, खटीमा, जिला-ऊधमसिंहनगर (उत्तराखण्ड)
अपने आने की स्वीकृति अवश्य दें।
सम्पर्क-9368499921, 7906360576

roopchandrashastri@gmail.com

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Wednesday, March 11, 2015

तुलसी की दिव्य दृष्टि, विनम्रता और उक्ति वैचित्र्य ; चर्चा मंच 1914



6 comments:

  1. सार्थक लिंकों के साथ उपयोगी चर्चा।
    आपका आभार रविकर जी।

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  2. सुंदर बुधवारीय अंक । आभार रविकर जी 'उलूक' के सूत्र 'नहीं लिखा जाता है तो क्यों लिखने चला आता है' को स्थान देने के लिये ।

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  3. विविध विषयों पर महत्वपूर्ण जानकारी देते सूत्रों से सजा चर्चा मंच..बहुत बहुत आभार !

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  4. सुन्दर लिनक्स से सुसज्जित सार्थक चर्चा

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  5. सुन्दर लिंक्स और उम्दा चर्चा |
    मेरी रचना शामिल करने के लिए आभार सर |

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"साँसों पर विश्वास न करना" (चर्चा अंक-2855)

मित्रों! मेरा स्वास्थ्य आजकल खराब है इसलिए अपनी सुविधानुसार ही  यदा कदा लिंक लगाऊँगा। रविवार की चर्चा में आपका स्वागत है।  द...