Friday, February 22, 2019

"नमन नामवर" (चर्चा अंक-3255)

मित्रों! 
शुक्रवार की चर्चा में आपका स्वागत है।   
देखिए मेरी पसन्द के कुछ लिंक।  
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दोहे  

"बहुत बड़ा नुकसान"  

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दोहे  

" भोले शंभू नाथ "  

( राधा तिवारी "राधेगोपाल " ) 

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मैं गीत वही दोहराता हूँ 

Misra Raahul 
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 उम्मीद की गंगा ... 

सखी सुनो न ,एक बात बतानी है  
बात में न तो राजा है न रानी है  
ये जो घुटनों पर रख हाथ उठती है  
बहती इनमें भी स्फूर्ति की रवानी है... 
झरोख़ा पर 
निवेदिता श्रीवास्तव 
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“विश्व महतारी भाषा दिवस” -  

छत्तीसगढ़ी 

घर के जोगी जोगड़ा, आन गाँव के सिद्ध - तइहा के जमाना के हाना आय। अब हमन नँगत हुसियार हो गे हन, गाँव ला छोड़ के शहर आएन, शहर ला छोड़ के महानगर अउ महानगर ला छोड़ के बिदेस मा जा के ठियाँ खोजत हन। जउन मन बिदेस नइ जा सकिन तउन मन विदेसी संस्कृति ला अपनाए बर मरे जात हें। बिदेसी चैनल, बिदेसी अत्तर, बिदेसी पहिनावा, बिदेसी जिनिस अउ बिदेसी तिहार, बिदेसी दिवस वगैरा वगैरा। जउन मन न बिदेस जा पाइन, न बिदेसी झाँसा मा आइन तउन मन ला देहाती के दर्जा मिलगे... 
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क्या आप भी अपने किसी 'खास' को  

'चाँद पर जमीन'  

तोहफे में देना चाहते हैं? 

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डरपोक कुत्ते सबसे तेज़ भौंकते हैं 

मुर्गा अपने दड़बे पर बड़ा दिलेर होता है
अपनी गली का कुत्ता भी शेर होता है

दुष्ट लोग क्षमा नहीं दंड के भागी होते हैं
लातों के भूत बातों से नहीं मानते हैं... 

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अब चलना होगा........ 

भगवतीचरण वर्मा 

मेरी धरोहरपरyashoda Agrawal  
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आतंकवाद एक ज्वलंत समस्या 

भारत पाक की दुश्मनी सदियों पुरानी है, हर बार पाक की तरफ से सीज फायर का उलंघन होता है और भारत के कुछ जवान शहीद हो जाते है. आतंकवाद का अर्थ है समाज को अपने कुकृत्यों से भयभीत कर देना आतंकवाद कहलाता है. जो उन्हें भयभीत कर दे वो आतंकवादी कहलाते है १४ फरवरी को जो कुछ हुआ वो बहुत गलत हुआ सरे देश में इस टाइम भूचाल आया हुआ है, अब समय आ गया है की पाक को जबाब देना होगा भारत को... 

aashaye पर garima 

5 comments:

  1. समालोचक होकर बड़ी पहचान और सबके हृदय में सम्मान बनान , यह हम पत्रकार भी नामवर सिंह से सीखें तो बेहतर है।
    मेरे संस्मरण लेख को स्थान देने के लिये शास्त्री सर धन्यवाद।

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  2. मेरी रचना को चर्चा मंच में शामिल करने के लिए बहुत बहुत धन्यवाद,आदरणीय शास्त्री जी।

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  3. बेहतरीन प्रस्तुति आदरणीय 👌
    शानदार रचनाएँ, मेरी रचना को स्थान देने के लिए सह्रदय आभार आदरणीय
    सादर

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  4. सुंदर प्रस्तुति

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