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Monday, June 06, 2011

बोलना मना है………चर्चा मंच

दोस्तों
सोमवार की चर्चा मे स्वागत है
भ्रष्टाचार के खिलाफ़ बोलना मना है
कल से क्या आलम है सब देख ही रहे हैं
दरिंदगी की सीमा लांघ रही है सरकार
बताइये क्या कसर रखी इन्होंने अंग्रेज बनने मे
वो भी तो ऐसे ही अत्याचार करते थे और जन
आन्दोलन कुचलने के लिये इसी तरह 
लाठीचार्ज करते है……ऐसे मे इस देश 
का क्या होगा सब समझ सकते हैं………वैसे
अति हर चीज़ की बुरी होती है और लगता है
अब ये सरकार अपनी अंतिम सांसें ले रही है
रावण का भी अंत तभी हुआ था जब उसने संतों को 
कष्ट दिया था ……देखते हैं इस अन्यायी सरकार का
कब अन्त होता है………अब भ्रष्टाचार के खिलाफ़ 
यदि साथ नही दे सकते तो कोई बात नही
पर्यावरण बचाने की मुहिम मे तो 
साथ चल सकते हैं न ………चलिये अब 
आप चर्चा पढिये और 
अपने विचार प्रगट करिये

जरूर देंगे जी


 वाह ………ये हुई ना बात


ज़रा देखो इस ओर भी


मानना ही पडेगा



 एक दर्दभरी दास्तान


नोंच खायेंगे 


तब क्या होगा?



 बस रावण का अंत आने ही वाला है


 बिल्कुल्………असफ़ल कोशिश जारी है



बाबा ने तो सब संभाला हुआ है



फिर तो आज उसी का दिन है



अच्छा हमे तो पता नही


 किसने कहा?



 क्या कहती है?



 ये भी बोलता है



शायद पूनम आ गयी होती
अमावस ढल गयी होती



 खुद बोलती हैं 



 क्यों ………क्या हुआ?
क्या होता है 
कहाँ रही?
जरूर देना चाहिए उलाहना 




चलिये दोस्तों आज
इस छोटी चर्चा से ही
काम चलाइयेगा
और अपने विचारो से 
अवगत कराइयेगा


21 comments:

  1. priy bandana ji ,

    aaj ke sampadan ko padha ,pratah vela kavyamayi ho gayi , utkrist sankalan sunder hai .dher sari badhayiyan .

    ReplyDelete
  2. Thanks - very good article ....

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  3. नमस्कार वंदना जी ,
    आज के बहुत सारे लिनक्स पढ़ने के बाद ये लिख रही हूँ ..सच में बहुत अच्छी ..बमिसाल चर्चा है आज की ..सोच और संवेदनाओं से भरी हुई ...
    बहुत बहुत बधाई आपको ...!!

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  4. वंदना जी ,
    बहुत सुन्दर चर्चा है उम्दा लिंक्स के साथ। हर लिंक के साथ आपके कमेन्ट बहुत मजेदार हैं।

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  5. समयचक्र की पोस्ट को चर्चा मंच में सम्मिलित करने के लिए आभारी हूँ .. .. बढ़िया चर्चा है अच्छे लिंक मिले...

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  6. एक और सार्थक चर्चा .....वंदना जी आपको सलाम ...!

    ReplyDelete
  7. सार्थक चर्चा ..उम्दा लिंक्स !

    ReplyDelete
  8. vandna ji ki vandniy charcha.aabhar.

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  9. वंदना जी
    नमस्कार
    सुंदर चर्चा के लिए आभार।
    मेरे ब्लॉग को सम्मिलित करने के लिए घन्यवाद।

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  10. sundar charcha ke liye badhai!

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  11. कहा भी न जाए!
    चुप रहा भी न जाए!
    --
    बोलना ही पड़ेगा,
    बहुत बढ़िया चर्चा!

    ReplyDelete
  12. vandanaji aaj ki chrcha main baba ke baare mainlikhe utam link lagaaye aapne aur link bhi bahut achche the,itani achchi charcha ke liye badhaai sweekaren.

    ReplyDelete
  13. वंदना जी चर्चा अच्छी रही.लिखने वालों की कलम भी खूब चली है मजा आ गया. मेरे ब्लॉग को सम्मिलित करने के लिए आभार

    ReplyDelete
  14. वंदना जी ,
    बहुत सुन्दर चर्चा है उम्दा लिंक्स के साथ

    बहुत बहुत बधाई आपको ...!!

    SADAR
    LAXMI NARAYAN LAHARE....

    ReplyDelete
  15. बहुत बढ़िया लिंक्स भी और उसपर आपकी टिप्पणियाँ भी.
    बढ़िया चर्चा हमेशा की तरह.

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  16. वंदना जी,
    नमस्कार
    यहाँ आना सार्थक हुआ. बेहतरीन चर्चा के लिए बधाई.
    एक से बढ़कर एक लिंक्स हैं. काबिले तारीफ है ऐसी प्रस्तुति.
    अलहदा है टिप्पणियों का अंदाज़.
    चर्चा मंच में मेरी रचना शामिल करने के लिए धन्यवाद .

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  17. बहुत अच्छे लिंक्स सहेजे हैं ... सुन्दर चर्चा ..

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  18. वंदना जी ,
    बहुत सुन्दर चर्चा है उम्दा लिंक्स के साथ।
    सुंदर चर्चा के लिए आभार।

    ReplyDelete

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