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Tuesday, January 15, 2019

"सूर्य उत्तरायण हुआ" (चर्चा अंक-3217)

मित्रों! 
मंगलवार की चर्चा में आपका स्वागत है।  
देखिए मेरी पसन्द के कुछ लिंक।  
(डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक')
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दोहे  

"सिर पर खड़ा बसन्त"  

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वो आकर्षण....... 

संजय भास्कर 

yashoda Agrawal  
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मैं लिखूँगी उनका नाम 

रश्मि प्रभा...  
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मेरी सद्य प्रकाशित ग़ज़ल संग्रह------  

पीर ज़माने की -----  

डा श्याम गुप्त --- 

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कैसे ना तारीफ करें 

पुरुषोत्तम कुमार सिन्हा  
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इच्छा शक्ति 

प्रबल हो अगर इच्छा शक्ति
हिमालय की भी नहीं कोई हस्ती
धड़क रही हो ज्वाला जब दिलों में
आतुर उतनी तब होती जीतने की प्रवृति... 

RAAGDEVRAN पर 
MANOJ KAYAL 
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मकरसंक्रांति की बधाई... 

Lovely life पर
ovely edu  
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शीत ऋतु----- 

डा श्याम गुप्त 

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बसपा-सपा ने क्यों की  

कांग्रेस से किनाराकशी? 

pramod joshi  
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भूमंडलोत्तर कहानी – २३ :  

चयनित अकेलेपन का अनिवार्य उपोत्पाद  

(समापन) 

समालोचनपरarun dev 

5 comments:

  1. चर्चा मंच को मकरसंक्रांति की बधाई।बहुत सुंदर प्रस्तुति।

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  2. चर्चा मंच को मकरसंक्रांति की बधाई।बहुत सुंदर प्रस्तुति।

    ReplyDelete
  3. शुभ प्रभात🍃🍃🍃💦💦💦
    सुंदर प्रस्तुति हेतु साधुवाद ।
    आप सभी को मकर संक्रान्ति महापर्व की
    अनन्त शुभकामनाएं !
    सूर्य का मकर राशि में प्रवेश करना ‘मकर-संक्रान्ति’ कहलाता है | इसी दिन से सूर्य उत्तरायण हो जाते हैं |
    शास्त्रों में उत्तरायण की अवधि को देवताओं का दिन और दक्षिणायन की अवधि को देवताओं की रात्रि कहा गया है |
    इस तरह से मकर संक्रान्ति एक प्रकार से देवताओं का प्रभातकाल है !

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  4. मकर संक्रान्ति की मंगलकामनाएं। सुन्दर चर्चा।

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  5. सुन्दर चर्चा प्रस्तुति 👌

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