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Sunday, November 13, 2011

"जो चाहोगे वही मिलेगा" (चर्चा मंच-697)

मित्रों!
रविवार की चर्चा के लिए भ्रमण करने निकला हूँ! देखता हूँ किसके यहाँ क्या परोसा गया है? आप भी नीचे दिये हुए लिंको का रसास्वादन करें और अपनी मनपसंद प्रतिक्रिया अवश्य देने की कृपा करें। लोग आपकी टिप्पणियों की प्रतीक्षा में हैं!
जो चाहोगे वही मिलेगा ! क्योंकि कुमाउँनी चेली ने कौन बनेगा करोड़पति के अगले सीज़न की तैयारी कर ली है ....कितना जीत सकती हूँ बताइएएक अहसास-पछतापे का,पश्चाताप के आंसू,पलकों पर,सहेजने का नहीं रहना चाहिए। 11.11.11 को 11.11 बजे कुल 11 कडियों की सहायता से स्व0 अमृता प्रीतम की धरोहर को बचाने की मुहिम ! तमन्ना है कि एक बार बचपन मिल जाये ! मगर कहाँ है भगत सिंह की दुल्हन ? मगर चुपचाप चला गया वह भारत की माटी का लाल! तभी तो पत्रकारिता में भी आ गए मुन्ना भाई ! घबराइए मत जब देदी तुमने दियासलाई फिर उन्होंने आग लगाई * *क्यूँ बुरा लगा ? हर जगह का बुरा हाल है इसीलिए तो बारिश में भीग रहे हैं बुद्ध और फ़ुरसत में  हैं तभी तो गइल भईंस पानी में ..! इंसानियत के दो पाठ.....?  माय लाईफ़ स्टोरी ...पर मेरी नहीं अब नहीं सूरते-हालात बदलने वालीमेरे अरमान.. मेरे सपने.. हमारे पंथ के प्रवर्तक सन्त गुरु नानकदेव जी को नमन! इससे पहले कि लौह-कपाट बन्द हो … क्या पहुँच पाएगा बेचारा किसान ........?  ANALYSE YOUR FUTURE भाई रहिये ठण्ड के लिए तैयार
"बालदिवस के अवसर पर- दोनों पुस्तकों का विमोचन" 
(डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री "मयंक")
मित्रों!
मेरी हाल ही में प्रकाशित दोनों पुस्तकों
"हँसता गाता बचपन"
(बाल कविता संग्रह)
और
"धरा के रंग"
(कविता संग्रह)
का विमोचन बालदिवस के अवसर पर बाल मेले में
14 नवम्बर, 2011 को अपराह्न 2 बजे
रंगारंग कार्यक्रमों के मध्य किया जाएगा।
इस अवसर पर आप सादर आमन्त्रित हैं!....

27 comments:

  1. अच्छे लिंक्स ...
    आभार !

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  2. बहुत बढियां रही आज की चर्चा ..धन्यवाद मुझे शामिल करने के लिए ....

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  3. बहुत बहुत शुभकामना के साथ
    ..धयवाद मुझे शािमल करने के िलए ....

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  4. बढ़िया चर्चा ||

    आभार ||

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  5. Bahut sundar links lekar saarthak charcha prastuti hetu aabhar!

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  6. "हँसता गाता बचपन"
    (बाल कविता संग्रह)
    और
    "धरा के रंग"
    (कविता संग्रह)
    का विमोचन बालदिवस के अवसर पर

    आपको मुबारक हो !!!

    जितनी बंटनी थी बंट चुकी ये ज़मीं,
    अब तो बस आसमान बाकी है |
    सर क़लम होंगे कल यहाँ उनके,
    जिनके मुंह में ज़बान बाक़ी है ||

    http://mushayera.blogspot.com/2011/11/blog-post_13.html

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  7. सुंदर चर्चा

    पुस्तकों के विमोचन की अग्रिम बधाई

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  8. सुन्दर लिंक्स
    पुस्तक प्रकाशन की हार्दिक बधाई

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  9. बढ़िया चर्चा... सुन्दर लिंक्स...
    पुस्तकों के लिए सादर बधाईयाँ सर...
    सादर...

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  10. बहुत सुन्दर लिंक्स और उनका रोचक प्रस्तुतीकरण..मेरी रचना को शामिल करने के लिये आभार...पुस्तकों के विमोचन के लिये हार्दिक बधाई...आभार

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  11. सुन्दर चर्चा!
    पुस्तकों के विमोचन हेतु बधाई!

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  12. पुस्तकों के विमोचन के लिये हार्दिक बधा…………सुन्दर व शानदार चर्चा।

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  13. सुन्दर व सार्थक चर्चा !
    बहुत अच्छी प्रस्तुति !

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  14. अच्छे लिंक्स के लिए धन्यवाद

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  15. सुंदर, बहुत सुंदर।

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  16. जैसे भाग-दौड कर खानापूर्ति की गई हो.....

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  17. अच्छी रही!
    चर्चा मंच पर आकार घुम्मकड़ी करने में कम समय लगता है... और चुनिन्दा रचनाओं तक पंहुंच पाना सम्भव हो जाता है

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  18. ढेर सारे लिंक्स के साथ बढ़िया चर्चा !

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  19. अंकल, पुस्तकों के विमोचन के लिए आपको हार्दिक बधाई!!!

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  20. अच्छे लिंक्स ...
    आभार !

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