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Saturday, March 02, 2019

"अभिनन्दन" (चर्चा अंक-3262)

मित्रों 
शनिवार की चर्चा में आपका स्वागत है। 
देखिए मेरी पसन्द के कुछ लिंक।

(डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक') 

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हाईकू 

( अभिनन्दन ) 

Akanksha पर Asha Saxena 
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अभिशाप 

मेरा राज दुलारा
मेरी आँखों का चाँद तारा
मेरा गौरव, मेरा अभिमान
मेरे दिल की धड़कन, मेरी जान !
ईश्वर से माँगा हुआ
मेरा सबसे अनमोल वरदान
तू कैसे मेरे जीवन का
सबसे बड़ा अभिशाप बन गया... 
Sudhinama पर sadhana vaid  
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Veer Ras Ki Kavita-  

Manzil. 

Nitish Tiwary 
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सतसंग,  

महाशिवरात्रि 

साध्वी अरूणादेवी आश्रम  
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अंतिम पाती...... 


deepshikha70  

10 comments:

  1. विविध पठनीय सामग्रियों की सुंदर प्रस्तुति, प्रणाम।

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  2. बहुत ही सुन्दर चर्चा प्रस्तुति
    सादर

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  3. सुप्रभात,
    सुंदर चर्चा मंच,सुंदर चर्चा।

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  4. सुन्दर चर्चा

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  5. सुप्रभात
    मेरी रचना शामिल करने के लिए धन्यवाद सर |

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  6. मेरी रचना को चर्चा मंच में शामिल करने के लिए बहुत बहुत धन्यवाद, आदरणीय शास्त्री जी।

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  7. रचना शामिल करने के लिए आपका आभार।

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  8. शानदार प्रस्तुति.....सादर नमन आप को

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  9. सुन्दर सार्थक सूत्रों से सुसज्जित आज की चर्चा ! मेरी रचना को सम्मिलित करने के लिए आपका हृदय से बहुत बहुत धन्यवाद एवं आभार शास्त्री जी ! सादर वन्दे !

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